
पश्चिम बंगाल में भाजपा की सरकार बनने के बाद सोशल मीडिया पर एक वीडियो वायरल हो रहा है। वायरल वीडियो में फूलों से सजी ट्राम को पटरियों पर चलते हुए देखा जा सकता है, जिसमें लोग यात्रा कर रहे हैं। वीडियो के साथ दावा किया जा रहा है कि बंगाल में बीजेपी सरकार आने के बाद कोलकाता में फिर से ट्राम सेवा को शुरू कर दिया गया है।
वायरल वीडियो के साथ यूजर ने लिखा है- Kolkata की विरासत को वापस लेकर आई , बीजेपी सरकार ❤
अनुसंधान से पता चलता है कि…
पड़ताल की शुरुआत में हमने वायरल वीडियो के तस्वीरों का रिवर्स इमेज सर्च किया, परिणाम में वायरल वीडियो की तस्वीर हमें ‘Kolbusopedia’ नाम के एक इंस्टाग्राम हैंडल पर मिली। 15 अप्रैल 2026 को अपलोड की गई तस्वीर के अनुसार, यह बंगाली में नए साल का है।
कैप्शन के मुताबिक, यह वीडियो 15 अप्रैल 2026 को शूट किया गया था । इससे ये साफ है कि वायरल वीडियो चुनाव से पहले का है।
इसे ‘दीप दास’ (@tramisane609) नाम के यूजर ने शूट किया है।

अधिक सर्च करने पर असली वीडियो हमें ‘Trams of Calcutta’ के इंस्टाग्राम हैंडल पर मिला। इसे 21 अप्रैल 2026 को अपलोड करते हुए लिखा गया कि बैसाखी ट्राम यात्रा 2026 तीनों सजी हुई ट्रामों के साथ एक-एक करके एस्प्लेनेड टर्मिनस पर पहुंची।
पड़ताल में आगे हमें tramisane609 नाम के यूजर के अकाउंट पर वायरल वीडियो अपलोड मिला, जिसमें यूजर कह रहे हैं कि ये वीडियो उनके द्वारा रिकॉर्ड किया गया था, जिसे 15 अप्रैल को शूट किया गया था। पता चलता है कि यह वीडियो कोलकाता नववर्ष का ही है।
सर्च के दौरान हमें वायरल वीडियो से जुड़ी तस्वीर और खबर ‘द टेलीग्राफ’ अखबार की वेबसाइट पर मिली। 16 अप्रैल 2026 को प्रकाशित इस खबर में बताया गया कि पोइला बैसाख के अवसर पर फूलों से सजी तीन ट्रामें चलीं। पोइला बैसाख बंगाली नव वर्ष का पहला दिन होता है।

कोलकाता में ट्राम की शुरुआत–
बता दें कोलकाता में 24 फरवरी 1873 को पहली बार ट्राम की शुरुआत हुई थी। उस समय इसे घोड़े खींचते थे। इसके बाद इसमें भांप का इंजन जोड़ा गया। बाद में 1900 के आसपास ट्राम बिजली से चलाई जाने लगी। फिलहाल ट्राम केवल दो ही रूट में चलती है। अधिकांश रूट की ट्राम को बंद कर दिया गया है।
निष्कर्ष – तथ्य-जांच के बाद हमने पाया कि , पश्चिम बंगाल में भाजपा सरकार बनने के बाद फिर से ट्राम सेवा को शुरू करने का दावा फर्जी है। कोलकाता में अभी भी दो रूट पर ट्राम की सुविधा है। यह वीडियो 15 अप्रैल 2026 का है, जबकि पश्चिम बंगाल में भाजपा के मुख्यमंत्री ने 9 मई 2026 को शपथ ली थी।


