
सोशल मीडिया पर एक शख्स के पुलिस से बहस करने का वीडियो तेज़ी से वायरल हो रहा है। वीडियो में वह आदमी खुद को नोएडा का IPS अफ़सर बता रहा है और वहाँ मौजूद पुलिस वालों से सैल्यूट करने की मांग कर रहा है। इस वीडियो को शेयर कर दावा किया जा रहा है कि लखनऊ में नोएडा के आईपीएस अधिकारी अपनी प्राइवेट कार से सिविल ड्रेस में लखनऊ पहुंचे थे। जब उन्होंने एक सिपाही को सैल्यूट करने के लिए कहा, तो सिपाही ने ऐसा करने से मना कर दिया क्योंकि वह तथा कथित आईपीएस आधिकारिक गाड़ी और ड्रेस में नहीं थे। वीडियो को यूपी पुलिस और योगी सरकार की तारीफ करते हुए शेयर किया जा रहा है।
वायरल वीडियो के साथ यूजर ने लिखा है- सिपाही में कर्तव्य पालन करते हुए किसी IPS को रोकने का साहस तभी आता है, जब CM योगी जी जैसा हो !नोएडा के एक IPS अपनी प्राइवेट कार से लखनऊ पहुंचे थे…चेकिंग के दौरान पुलिस ने गाड़ी रोक ली…गाड़ी से उतरते ही बोले “मैं नोएडा का IPS अधिकारी हूं” फिर क्या हुआ ? आप स्वयं देखिए
अनुसंधान से पता चलता है कि…
पड़ताल की शुरुआत में हमने वायरल वीडियो के तस्वीरों का रिवर्स इमेज सर्च किया। परिणाम में वायरल वीडियो हमें आजतक में प्रकाशित मिला। 16 जून 2026 को प्रकाशित रिपोर्ट के अनुसार, वीडियो में नजर आ रहा शख्स असली नहीं, बल्कि एक फेक आईपीएस अधिकारी था।

दरअसल, लखनऊ में एक शख्स ने चाय की दुकान से 40 रुपये का बन का पैकेट लिया था और पैसे नहीं दिए थे। दुकानदार के पैसे मांगने पर वह खुद को नोएडा का आईपीएस अधिकारी बताने लगा और दुकानदार से बहस करने लगा। मौके पर पुलिस के आने पर वह उन्हें खुद को सैल्यूट करने के लिए कहने लगा।
हद तो तब हो गई जब उसने असली पुलिसवालों को ही अर्दब में लेने की कोशिश की और उन्हें सैल्यूट मारने दबाव बनाने लगा। हालांकि, उसकी ये हेकड़ी ज्यादा देर नहीं टिक सकी। विवाद की शुरुआत 40 रुपये का बन खाने और पैसा न देने से हुई थी।
पड़ताल के दौरान हमें दावे से जुड़ी एक अन्य न्यूज रिपोर्ट द ललन टॉप की वेबसाइट पर मिली। 16 जून 2026 को प्रकाशित रिपोर्ट के मुताबिक, महानगर क्षेत्र के गोल मार्केट चौराहे पर पुलिस की नियमित चेकिंग चल रही थी। इसी दौरान पुलिस को सूचना मिली कि एक व्यक्ति खुद को आईपीएस अधिकारी बताकर एक स्थानीय दुकानदारों से विवाद कर रहा है और उन पर धौंस जमा रहा है। सूचना मिलते ही पुलिस टीम मौके पर पहुंची। हंगामा कर रहे शख्स ने खुद को नोएडा का आईपीएस अधिकारी बताते हुए पुलिसकर्मियों को सैल्यूट करने के लिए कहा। पुलिसकर्मियों के सैल्यूट करने से मना करने पर वह उन्हें निलंबित कराने की धमकी देने लगा।
जब पुलिस आरोपी को हिरासत में लेकर थाने पहुंची और पूछताछ की, तब सच्चाई सामने आई। इस व्यक्ति की पहचान 40 वर्षीय मिथिलेश शुक्ला के रूप में हुई, जो लखनऊ के मड़ियांव थाना क्षेत्र का निवासी है।
अधिक जांच करने पर हमें दावे से जुड़ी एक पोस्ट लखनऊ पुलिस के आधिकारिक एक्स अकाउंट पर मिली। लखनऊ पुलिस ने ‘IndiaNewsUP_UK’ नाम के एक एक्स यूजर को रिप्लाई करते हुए लिखा, “प्रकरण के सम्बन्ध में थाना महानगर पर सुसंगत धाराओं में अभियोग पंजीकृत है। आरोपी युवक को गिरफ्तार कर अग्रिम विधिक कार्रवाई की जा रही है।
निष्कर्ष – तथ्य-जांच के बाद हमने पाया कि , सैल्यूट करने से मना करती यूपी पुलिस के वीडियो को लेकर किया जा रहा दावा गलत है। दरअसल, वीडियो में जो शख्स खुद को IPS अधिकारी बता रहा था वो नकली है।


